Facebook का नया फीचर, नेताओं के राजनीतिक विज्ञापन कर सकेंगे बंद

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सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म Facebook एक नया फीचर ला रहा है, जिसमें नेताओं के पॉलिटिकल ऐड को ऑफ किया जा सकेगा। फेसबुक के सीईओ मार्क जुकरबर्ग ने इसका ऐलान किया है।फेसबुक ने यह कदम इस साल नवंबर में होने वाले अमेरिकी राष्ट्रपति चुनाव के मद्देनज़र उठाया है। दरअसल पिछले माह फेसबुक को नेताओं के  विज्ञापन दिखाने को लेकर आलोचनाओं का सामना करना पड़ा था। इसके बाद से ही फेसबुक ने यह कदम उठाया है। पहले भी दुनियाभर में फेसबुक पर चुनाव को प्रभावित करने के आरोप लगते रहे हैं।

कंपनी ने बताया कि फेसबुक पर आज के बाद अगर कोई पॉलिटिकल ऐड या सोशल ऐड जारी करता है, तो लोगों को  एक पॉप-अप मैसेज दिखेगा, जो बताएगा कि इस ऐड को किसने और कितने पैसों में जारी किया है। Facebook के टर्न ऑफ फीचर की शुरुआत सबसे पहले अमेरिका में होगी। हालांकि जल्द इसकी शुरुआत भारत समेत अन्य देशों में हो सकती है। कंपनी की तरफ से इस बारे में जानकारी दी गई है। जुकरबर्ग के बयान के मुताबिक अगले कुछ हफ्तों में अमेरिका में लोग सभी तरह के सोशल मुद्दों, इलेक्टोरल और पॉलिटिकल ऐड को टर्न ऑफ कर पाएंगे। हालांकि इसके बावजूद एक आम नागरिक होने के नाते आपको Facebook की तरफ से वोटिंग का रिमाइंडर मिलेगा।

Facebook यूजर setting ऑप्शनमें जाकर Facebook और Instagram के पॉलिटिकल और सोशल मुद्दों वाले ऐड को टर्न ऑफ कर पाएंगे। Facebook के वाइस प्रेसिडेंट (प्रोडक्ट मैनेजर) Naomi Gleit ने बताया कि पॉलिटिकल पार्टी के ऐड के बारे में यूजर को रिपोर्ट करना होगा। इसके लिए पॉलिटिकल पार्टी के विज्ञापन के राइट कार्नर पर क्लिक करके रिपोर्ट किया जा सकेगा। बता दें कि इससे पहले Twitter ने सभी तरह के पॉलिटिकल पोस्ट पर बैन कर चुका है। Facebook ने बताया कि उसकी तरफ से एक नया वोटिंग इन्फॉर्मेशन सेंटर बनाया जा रहा है। जहां लाखों यूजर को वोटिंग और उससे जुडी साडी सटीक जानकारी मिल सकेगी।

सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म Facebook एक नया फीचर ला रहा है, जिसमें नेताओं के पॉलिटिकल ऐड को ऑफ किया जा सकेगा। फेसबुक के सीईओ मार्क जुकरबर्ग ने इसका ऐलान किया है।फेसबुक ने यह कदम इस साल नवंबर में होने वाले अमेरिकी राष्ट्रपति चुनाव के मद्देनज़र उठाया है। दरअसल पिछले माह फेसबुक को नेताओं के  विज्ञापन दिखाने को लेकर आलोचनाओं का सामना करना पड़ा था। इसके बाद से ही फेसबुक ने यह कदम उठाया है। पहले भी दुनियाभर में फेसबुक पर चुनाव को प्रभावित करने के आरोप लगते रहे हैं।

कंपनी ने बताया कि फेसबुक पर आज के बाद अगर कोई पॉलिटिकल ऐड या सोशल ऐड जारी करता है, तो लोगों को  एक पॉप-अप मैसेज दिखेगा, जो बताएगा कि इस ऐड को किसने और कितने पैसों में जारी किया है। Facebook के टर्न ऑफ फीचर की शुरुआत सबसे पहले अमेरिका में होगी। हालांकि जल्द इसकी शुरुआत भारत समेत अन्य देशों में हो सकती है। कंपनी की तरफ से इस बारे में जानकारी दी गई है। जुकरबर्ग के बयान के मुताबिक अगले कुछ हफ्तों में अमेरिका में लोग सभी तरह के सोशल मुद्दों, इलेक्टोरल और पॉलिटिकल ऐड को टर्न ऑफ कर पाएंगे। हालांकि इसके बावजूद एक आम नागरिक होने के नाते आपको Facebook की तरफ से वोटिंग का रिमाइंडर मिलेगा।

Facebook यूजर setting ऑप्शनमें जाकर Facebook और Instagram के पॉलिटिकल और सोशल मुद्दों वाले ऐड को टर्न ऑफ कर पाएंगे। Facebook के वाइस प्रेसिडेंट (प्रोडक्ट मैनेजर) Naomi Gleit ने बताया कि पॉलिटिकल पार्टी के ऐड के बारे में यूजर को रिपोर्ट करना होगा। इसके लिए पॉलिटिकल पार्टी के विज्ञापन के राइट कार्नर पर क्लिक करके रिपोर्ट किया जा सकेगा। बता दें कि इससे पहले Twitter ने सभी तरह के पॉलिटिकल पोस्ट पर बैन कर चुका है। Facebook ने बताया कि उसकी तरफ से एक नया वोटिंग इन्फॉर्मेशन सेंटर बनाया जा रहा है। जहां लाखों यूजर को वोटिंग और उससे जुडी साडी सटीक जानकारी मिल सकेगी।