Ali Fazal को गुड्डू पंडित से पहले ऑफर हुआ था ये मशहूर किरदार, ठुकराने वाले थे Mirzapur सीरीज

मिर्जापुर सीरीज के लिए अली फज़ल को शुरुआत में गुड्डू पंडित की जगह एक अन्य बेहद मशहूर किरदार ऑफर किया गया था हालांकि एक्टर सीरीज को ठुकराने वाले थे।

मुंबई: मिर्ज़ापुर सीरीज में ​​गुड्डू भईया का किरदार निभाने वाले अली फज़ल ने खुलासा किया है कि उन्हें शुरुआत में मुन्ना का रोल ऑफर किया गया था, हालांकि, एक्टर को गुड्डू पंडित की भूमिका पसंद आई थी और उन्होंने शो को लगभग ठुकरा दिया। एक्टर ने तारीख न होने का एक बहाना बनाया और मौके से निकल गए, लेकिन बाद में निर्माताओं ने वापस बुलाया और गुड्डू का रोल दिया।

2906373c0f7354329b87027c5ba337bb?source=nlp&quality=uhq&format=webp&resize=720

अली फज़ल

हाल ही में मिर्जापुर 2 का अमेज़न प्राइम वीडियो पर प्रीमियर हुआ है, जहां अली के किरदार गुड्डू पंडित ने अपनी पत्नी स्वीटी (श्रिया पिलगांवकर) और भाई बबलू (विक्रांत मैसी) की मौत का बदला लिया।

‘पटकथा पढ़ते ही गुड्डू पर अटक गया’
फिल्मफेयर से बात करते हुए, अली ने कहा कि जब उन्होंने पहली बार मिर्जापुर की पटकथा पढ़ी, तो उन्हें यह ‘शानदार’ लगी और उन्हें तुरंत गुड्डू पंडित का किरदार पसंद आ गया। उन्होंने कहा, ’मैं गुड्डू पर अटक गया था। मुझे शुरू में एक अन्य हिस्सा देने की पेशकश की गई थी। मुझे लगता है कि यह मुन्ना का हिस्सा था, जिसे दिव्येंदु ने किया है। उस समय, मुझे गुड्डू का रोल पसंद आया क्योंकि मुझे लगा कि ऐसा बहुत कुछ है जो मैं इसमें डाल सकता हूं।’

पहले बनाया बहाना, फिर दोबारा आया फोन…
आगे अली कहते हैं, ’मुझे वास्तव में ऐसे हिस्से पसंद हैं जो मेरे लिए अप्रत्याशित हों। अगर मैं पूरी यात्रा का पता लगा सकता हूं, तो यह कोई मजेदार बात नहीं है। तो मैंने एक बहाना बनाया। मैंने कहा कि मेरे पास तारीख नहीं हैं, कुछ काम आ गया है और मैंने इसे छोड़ दिया। फिर मुझे बाद में गुड्डू के किरदार के लिए कॉल आया कि हम इसे देखना चाहते हैं, चलो कोशिश करते हैं।’

अमेज़न प्राइम वीडियो की सीरीज मिर्जापुर, पिछले महीने अपने दूसरे सीज़न के साथ वापस लौटी है। यह उत्तर प्रदेश के बदमाशों पर आधारित एक अपराध ड्रामा है जिसका पहला सीज़न 2018 में हिट रहा था। सीरीज में पंकज त्रिपाठी ने कालीन भईया की मशहूर भूमिका निभाई है, जिनके माफिया और बाहुबली साम्राज्य को दो भाई गुड्डू और बबलू पहले सहारा देते हैं और फिर चुनौती भी देते हैं। कालीन भईया के बेटे और वारिस मुन्ना और दोनों भाईयों के बीच का संघर्ष कहानी में कई दिलचस्प मोड़ से होकर गुजरता है।