नागरिकों को इलाज के लिए प्रदेश के बाहर न जाना पड़े ऐसी व्यवस्था आवश्यक – मुख्यमंत्री श्री चौहान

नागरिकों को इलाज के लिए प्रदेश के बाहर न जाना पड़े ऐसी व्यवस्था आवश्यक - मुख्यमंत्री श्री चौहान

मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि प्रदेश के नागरिकों मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि प्रदेश में कोरोना संक्रमण का बढ़ता हर एक प्रकरण खतरे की घंटी और चुनौती है। इसके प्रति पूरी सावधानी और सतर्कता आवश्यक है। निजी अस्पतालों को भी यह निर्देश दिए जाएं कि उनके यहां आने वाले मरीजों में कोरोना के लक्षण दिखने पर उन्हें तत्काल कोविड केयर सेंटर अथवा उपयुक्त डेडीकेटेड सेंटर में रैफर किया जाए। प्रदेश में रेपिड एंटीजन टेस्ट बढ़ाने के लिए आवश्यक व्यवस्था करने के भी निर्देश दिए।

होम आयसोलेशन को प्रोत्साहित किया जाए
मुख्यमंत्री श्री चौहान ने कहा कि आईसीएमआर की अद्यतन गाईड लाइन का पालन सुनिश्चित करते हुए प्रदेश में होम आयसोलेशन तथा क्वारेंटाइन को प्रोत्साहित किया जाए। ऐसे व्यक्तियों की प्रभावी मॉनीटरिंग एप तथा अन्य माध्यमों से सुनिश्चित की जाए।

रीवा तथा झाबुआ की समीक्षा
मुख्यमंत्री श्री चौहान ने रीवा तथा झाबुआ की स्थिति की समीक्षा के दौरान टेस्टिंग तथा कॉन्टेक्ट ट्रेसिंग को बढ़ाने के निर्देश दिए। लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री डॉ. प्रभुराम चौधरी ने कहा कि केवल अत्यावश्यक परिस्थितियों में ही झाबुआ से बाहर यात्रा की अनुमति दी जाए। मंत्री डॉ. चौधरी ने रीवा में जागरूकता बढ़ाने की आवश्यकता भी बतायी।

रिकवरी रेट में हुआ सुधार
अपर मुख्य सचिव स्वास्थ्य श्री मोहम्मद सुलेमान ने बताया कि प्रदेश के रिकवरी रेट में लगातार सुधार हो रहा है। वर्तमान में यह 72.9 प्रतिशत है। प्रदेश में वर्तमान में 8 हजार 741 एक्टिव केस हें तथा अब तक 26 हजार 64 व्यक्ति स्वस्थ हो चुके हैं। वीडियो कान्फ्रेंस में गृह मंत्री डॉ. नरोत्तम मिश्र, चिकित्सा शिक्षा मंत्री श्री विश्वास सारंग, नगरीय विकास एवं आवास मंत्री श्री भूपेन्द्र सिंह, मुख्य सचिव श्री इकबाल सिंह बैंस तथा अन्य अधिकारियों ने भाग लिया।

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