जानिए बवासीर की समस्या होने पर आहार में क्या खाएं और क्या नहीं

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नई दिल्ली: बवासीर या पाइल्स होने पर मलाशय के भीतर या गुदे के आसपास सूजन हो जाती है जिसमें रक्त वाहिकाओं में सूजन आ जाती है. ज्यादातर मामलों में बवासीर हल्के होते है और कई लोगों को इस बात से बेखबर ही रहते हैं कि उन्हे पाइल्स की समस्या है. गंभीर मामलों में मल के बाद चमकीले लाल रक्त के साथ खुजली होती है. हालांकि पाइल्स एक आम समस्या है लेकिन इस स्थिति का सटीक कारण पता नहीं है. वहीं कई लोग शर्म के कारण इस समस्या के बारे में डॉक्टर के पास जाने से कतराते हैं. एक अनुमान के मुताबिक 50 साल से अधिक उम्र की लगभग आधी आबादी पाइल्स की समस्या से पीड़ित है.

पाइल्स की समस्या में हम क्या खा रहे हैं ये बात काफी महत्वपूर्ण हैं. दरअसल कुछ प्रकार के भोजन पाइल्स को खराब कर सकते हैं और कुछ भोजन इसे ठीक भी कर सकते हैं. आप पाइल्स की समस्या से पीड़ित हों या नहीं, एक स्वस्थ व संतुलित आहार खाना सभी के लिए जरूरी है, जिसमे पर्याप्त मात्रा में फाइबर हो. पाइल्स की समस्या से जूझ रहे लोगों को डॉक्टर भी फाइबर खाने की सलाह देते हैं. दरअसल फाइबर मल को नरम बनाता है जिससे यह बाहर निकालना आसान हो जाता है. पानी और फलों का जूस भी जरूर लेना चाहिए. वहीं जिन खाद्य पदार्थों में फाइबर की मात्रा कम होती है उन्हें खाने से परहेज ही करना चाहिए क्योंकि ऐसे भोजन कब्ज को बढ़ाते हैं.

पाइल्स की समस्या में इन खाद्य पदार्थों को ना खाएं-

डेयरी पॉडक्ट्स जैसे दूध, दही इत्यादि

मीट या प्रोसेस्ट मीट, क्योंकि इनमें फाइबर कम होता है और ये पचने में भी बहुत समय लेते हैं जिससे कब्ज की समस्या हो जाती है.

इस तरह के भोजन को डाइजेस्ट करना सबसे कठिन होता है और इनसे बचना भी मुश्किल होता है, क्योंकि फ्राइड किए हुए खाद्य पदार्थ कुछ ज्यादा ही स्वादिष्ट होते हैं. लेकिन इन्हें खाते समय यह नहीं भूलना चाहिए कि ये पाचन तंत्र को बिगाड़ सकते हैं.

सॉल्टी फूड लेने से ब्लॉटिंग हो जाती है और यह स्थिति को ज्यादा गंभीर बना देती है.

मसालेदार भोजन खाने से कई समस्या हो सकती है. यह पाइल्स के दर्द को बढ़ा सकता है और असुविधा पैदा कर सकता है.

मादक पेय पदार्थों के सेवन से मल सूख सकता है और यह दर्द की स्थिति होती है.

पाइल्स की समस्या में डाइट में खाएं ये चीज-

हाई फाइबर वाले पूरे अनाज जैसे जौ, क्विनोआ, ब्राउन राइस, ओट्स और फलियां आदि का सेवन करें.

विभिन्न प्रकार के फल और सब्जियां जैसे ब्रोकली, फूलगोभी, केल, गोभी, तोरी, कद्दू, बेल मिर्च, ककड़ी, आदि खाएं. फलों में तरबूज, नाशपाती, सेब, केला ले सकते हैं.

इसके साथ ही अपने आप को हाइड्रेट रखें.

नियमित रूप से एक्सरसाइज करें और अपने वजन को नियंत्रित रखें.

दर्द को कम करने के लिए गर्म पानी से सिकाई करें या बर्फ के पैक का इस्तेमाल करें.

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